खालसा कॉलेज नर्सिंग का वार्षिक खेल दिवस: देखिए कौन बना चैंपियन!

अमृतसर| खालसा कॉलेज ऑफ नर्सिंग में वार्षिक खेल दिवस 2025 का भव्य आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता कॉलेज की प्रिंसिपल डॉ. अमनप्रीत कौर ने की। समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में खालसा यूनिवर्सिटी के रजिस्ट्रार खुशविंदर कुमार मौजूद रहे। उन्होंने अपने व्याख्यान में विद्यार्थियों को खेलों की भावना और शारीरिक स्वास्थ्य के महत्व पर जोर दिया, जिससे छात्रों में खेलों के प्रति जागरूकता बढ़ाने का प्रयास किया गया।

इस वार्षिक खेल दिवस की शुरुआत कई रोचक खेल प्रतियोगिताओं से हुई, जिनमें बैडमिंटन, मार्बल रेस, थ्री लैग रेस, चाटी रेस, ऑक्टोपस रेस, 100 मीटर दौड़, रिले दौड़, लॉन्ग जंप, शॉटपुट, जेवलिन थ्रो और टग ऑफ वॉर जैसी चुनौतियाँ शामिल थीं। छात्रों ने अपने उत्साह के साथ इन प्रतियोगिताओं में भाग लिया और एक-दूसरे के प्रति खेल भावना का प्रदर्शन किया। उद्घाटन समारोह में चार हाउस— कैलिस्टों, नाइटेंगल, हैंडरसन और ओरेम— के छात्रों ने मार्च पास्ट कर विशेष रंगत बिखेरी, जिससे कार्यक्रम का माहौल और भी जीवंत हो गया।

मुख्य अतिथि डॉ. खुशविंदर कुमार ने प्रिंसिपल डॉ. अमनप्रीत कौर और नीलम हंस के साथ मिलकर विशेष पुरस्कार विजेताओं की घोषणा की। कंवरजीत सिंह, जो पोस्ट बेसिक बीएससी के पहले वर्ष के छात्र हैं, को सर्वश्रेष्ठ पुरुष एथलीट का सम्मान प्राप्त हुआ, जबकि नवनीत कौर, जो जीएनएम के दूसरे वर्ष की छात्रा हैं, को सर्वश्रेष्ठ महिला एथलीट का पुरस्कार दिया गया। यह पुरस्कार विद्यार्थियों की मेहनत और खेल में उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन को मान्यता देने का एक महत्वपूर्ण हिस्सा था।

अन्य प्रतियोगिताओं में भी छात्रों ने उत्कृष्ट प्रदर्शन किया। जसप्रीत कौर (जीएनएम दूसरा वर्ष), नवदीप कौर (जीएनएम तीसरा वर्ष) और नवनीत कौर (जीएनएम दूसरा वर्ष) ने सहायक प्रोफेसर अनुकिरणजीत कौर और हरलीन कौर के द्वारा आयोजित परीक्षा में क्रमशः 3100, 2100 और 1100 रुपए के नकद पुरस्कार प्राप्त किए। इस दौरान अन्य विजेताओं को भी मेडल, ट्रॉफी और प्रमाणपत्र देकर सम्मानित किया गया, जो कि उनकी मेहनत और संघर्ष को पहचानने का एक तरीका था।

खेल दिवस का यह कार्यक्रम केवल शारीरिक प्रतियोगिताओं तक सीमित नहीं था, बल्कि यह विद्यार्थियों के लिए एक सामाजिक व व्यावहारिक अनुभव का भी स्रोत बना। खेलों में भाग लेने से न केवल विद्यार्थी अपने शारीरिक स्वास्थ्य को सुधारते हैं, बल्कि टीम वर्क, अनुशासन और संघर्ष के महत्व को भी समझते हैं। इस प्रकार का आयोजन कॉलेज के शैक्षणिक माहौल को समृद्ध करता है और छात्रों को बेहतर बनने की प्रेरणा देता है।