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मप्र में महिलाओं की पंचायत राज निकायों में बढ़ रही है भागीदारी

भोपाल, 17 अप्रैल । मध्य प्रदेश में महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी लगातार बढ़ रही है। पंचायत स्तर पर महिलाओं का प्रतिनिधित्व 50 प्रतिशत से अधिक पहुंच चुका है, जो महिला सशक्तिकरण की दिशा में उल्लेखनीय वृद्धि है। ग्राम पंचायत, जनपद पंचायत और जिला पंचायत-तीनों स्तरों पर महिलाओं की भागीदारी बढ़ी है। कुल जनप्रतिनिधियों में महिलाओं की हिस्सेदारी लगभग 52.84 प्रतिशत दर्ज की गई है।

जनसम्पर्क अधिकारी आरआर पटेल ने शुक्रवार को जानकारी देते हुए बताया कि ग्राम पंचायत स्तर पर महिला प्रतिनिधियों का प्रतिशत करीब 52.83 प्रतिशत है, जबकि जनपद पंचायत में यह आंकड़ा 53.22 प्रतिशत तक पहुंच गया है। जिला पंचायत में भी महिलाओं की भागीदारी 53.71 प्रतिशत दर्ज की गई है, जो दर्शाता है कि नेतृत्व के उच्च स्तर पर भी महिलाएं तेजी से आगे बढ़ रही हैं।

मध्य प्रदेश में पंचायत राज संस्थाओं में महिलाओं की मजबूत भागीदारी

विभागीय जानकारी अनुसार कुल 23 हजार 11 निर्वाचित सरपंचों में से 11 हजार 683 महिलाएं हैं, जो ग्रामीण नेतृत्व में महिलाओं की सशक्त भूमिका को दर्शाती है। वहीं 3 लाख 64 हजार 895 निर्वाचित पंचों में से 1 लाख 93 हजार 284 महिला प्रतिनिधि चुनी गई हैं। जनपद पंचायत स्तर पर भी महिलाओं की भागीदारी उल्लेखनीय है। कुल 313 निर्वाचित जनपद पंचायत अध्यक्षों में से 179 महिलाएं हैं। इसी प्रकार 6 हजार 458 जनपद पंचायत सदस्यों में से 3 हजार 425 महिलाएं निर्वाचित हुई हैं। 52 जिला पंचायत अध्यक्षों में से 26 महिलाएं हैं, जबकि 823 जिला पंचायत सदस्यों में 444 महिला जनप्रतिनिधि निर्वाचित हुई हैं।

विशेषज्ञों के अनुसार, यह बढ़ता ग्राफ न केवल महिलाओं की राजनीतिक भागीदारी को दर्शाता है, बल्कि सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण का भी प्रतीक है। पंचायतों में महिलाओं की सक्रिय भूमिका से ग्रामीण विकास योजनाओं में पारदर्शिता और प्राथमिकताओं में बदलाव देखने को मिल रहा है। महिलाएं अब केवल प्रतिनिधि नहीं हैं, बल्कि निर्णय लेने की प्रक्रिया में सक्रिय भूमिका निभा रही हैं। जल, स्वच्छता, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे मुद्दों पर उनका फोकस ग्रामीण जीवन में सकारात्मक परिवर्तन ला रहा है।

सरकारी योजनाओं और आरक्षण नीति के प्रभाव से महिलाओं को नेतृत्व के अवसर मिल रहे हैं, जिससे वे आत्मनिर्भर बनने के साथ-साथ समाज में नई पहचान भी स्थापित कर रही हैं।