फाजिल्का में AAP प्रमुख अमन अरोड़ा: विजय दिवस पर शहीदों को याद, बच्चों की धाविका शामिल
फाजिल्का के आसफवाला गांव में विजय दिवस के अवसर पर 1971 के भारत-पाक युद्ध में शहीद हुए जवानों की याद में विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस समारोह की शुरुआत एक मैराथन दौड़ से हुई, जिसमें लगभग 1000 बच्चों ने भाग लिया। यह दौड़ शहीदों की स्मृति में आयोजित की गई थी और फाजिल्का के बॉर्डर रोड पर शहीदों की समाधि सभा कमेटी द्वारा आयोजित की गई। दौड़ में सभी प्रतिभागियों को जीतने पर पुरस्कार भी दिए गए।
कार्यक्रम में आम आदमी पार्टी के पंजाब प्रधान अमन अरोड़ा और भारतीय सेना के वरिष्ठ अधिकारी ब्रिगेडियर सुशील चंदवानी ने शिरकत की। उन्होंने शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की और उनके परिवारों के सदस्यों से मिलकर उन्हें सम्मानित किया। अमन अरोड़ा ने शहीदों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए उन्हें विश्वास दिलाया कि पार्टी और सेना हर समय उनके साथ खड़ी रहेगी। इस कार्यक्रम का उद्देश्य न केवल शहीदों को याद करना था, बल्कि उनके परिवारों को भी यह अहसास दिलाना था कि वे अकेले नहीं हैं।
इस मौके पर शहीदो की समाधि पर एक शहीदी मेला भी आयोजित किया गया, जिसमें विभिन्न राज्यों से शहीदों के परिवार के सदस्य शामिल हुए। सभी ने एकजुटता के साथ शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की और उन्हें याद किया। यह आयोजन एक सामूहिक भावना को प्रकट करने का अवसर बना, जिससे समाज में एकजुटता का संदेश फैलाया गया।
इसके बाद, अमन अरोड़ा ने फाजिल्का के गांव सलेमशाह में सरकारी गौशाला में गौ गोपाल की मूर्ति और कम्युनिटी पार्क का उद्घाटन किया। इसके अलावा, उन्होंने अबोहर रोड स्थित एक होटल में अरोड़ा समाज के लोगों के साथ बैठक की। इस बैठक में उन्होंने समाज की समस्याओं को सुना और उनके समाधान पर चर्चा की।
मीडिया से बातचीत करते हुए अमन अरोड़ा ने सभी से अपील की कि वे शहीदों द्वारा दिखाए गए मार्ग पर चलें और देश की सेवा में अपना योगदान दें। उनका मानना है कि हमारे शहीदों का बलिदान हमें हमेशा प्रेरित करता रहेगा और हमें एकता और अखंडता के साथ आगे बढ़ना होगा।
इस तरह के आयोजनों से न केवल शहीदों की याद ताजा होती है, बल्कि समाज में एक मजबूत नज़रिया बनता है जिसमें हम अपने नायक और उनकी कुर्बानियों को सम्मानित करते हैं। यह समारोह निश्चित रूप से एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जाएगा, जो हमें अपने सैनिकों की वीरता और बलिदान के प्रति सच्चा सम्मान और श्रद्धा प्रदान करता है।









