महादेव बेटिंग ऐप मामले में सौरभ चंद्राकर दो दिन की सीबीआई ट्रांजिट रिमांड पर
नई दिल्ली, 02 नवंबर । दिल्ली के राऊज एवेन्यू कोर्ट ने केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) को महादेव ऑनलाइन बेटिंग ऐप मामले में सौरभ चंद्राकर की दो दिन की ट्रांजिट रिमांड दे दी है। प्रिंसिपल डिस्ट्रिक्ट एवं सेशंस जज निखिल चोपड़ा ने यह फैसला सुनाया। सीबीआई ने दो दिन की ट्रांजिट रिमांड मांगी थी।
सीबीआई अब 6,000 करोड़ रुपये के महादेव ऑनलाइन सट्टेबाजी ऐप के कथित मास्टरमाइंड सौरभ चंद्राकर को रायपुर (छत्तीसगढ़) की विशेष अदालत में पेश करने के लिए ले जाएगी। सौरभ चंद्राकर को एक नवंबर को ही ओमान से प्रत्यर्पित कर भारत लाया गया था। वहां इंटरपोल के रेड कॉर्नर नोटिस के आधार पर रॉयल ओमान पुलिस ने उसे हिरासत में लिया था।
न्यायालय में सुनवाई के दौरान सौरभ चंद्राकर के वकील तुषार गिरि ने ट्रांजिट रिमांड का विरोध किया था। उनका तर्क था कि उनके मुवक्किल को मनी लॉन्ड्रिंग (पीएमएलए) के मामले में प्रत्यर्पित किया गया है, न कि सीबीआई के मामले में। हालांकि, अदालत ने सीबीआई की अर्जी को स्वीकार कर लिया।
जांच एजेंसियों का आरोप है कि छत्तीसगढ़ के भिलाई निवासी सौरभ चंद्राकर और उसके सहयोगी रवि उप्पल ने भारत के बाहर से ऑनलाइन सट्टेबाजी सिंडिकेट का निर्माण और संचालन किया, जिसके लिए उन्होंने देश भर में फैले “पैनलों” और शाखाओं के एक फ्रेंचाइजी नेटवर्क का इस्तेमाल किया। आरोप है कि यह गिरोह खेल आयोजनों, ताश के खेलों और अन्य गतिविधियों पर सट्टेबाजी की सुविधा प्रदान करता था, जिसकी आय को बिचौलियों के बैंक खातों और हवाला चैनलों के माध्यम से भेजा जाता था।










