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गंगालूर पोटाकेबिन मामले में आदिवासी समाज की जांच रिपोर्ट जारी, सूचना अर्ध सत्य पर आधारित

बीजापुर, 23 मार्च । जिले के गंगालूर स्थित पोटाकेबिन में छात्राओं के गर्भवती होने संबंधी खबरों को लेकर सर्व आदिवासी समाज द्वारा गठित जांच दल ने अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत कर दी है। संभागीय अध्यक्ष प्रकाश ठाकुर के निर्देशन में 19 मार्च को गठित नौ सदस्यीय जांच दल ने स्थलीय निरीक्षण, संबंधित छात्राओं और उनके परिजनों तथा छात्रावास स्टाफ से चर्चा के बाद अपनी रिपोर्ट तैयार की। जांच में पाया गया कि सोशल मीडिया एवं कुछ मीडिया माध्यमों में प्रसारित खबरें पूर्णतः सत्य नहीं हैं, बल्कि आंशिक (अर्ध-सत्य) जानकारी पर आधारित हैं। जांच के अनुसार, एक छात्रा सितंबर 2025 में अवकाश पर घर गई थी और बाद में छात्रावास वापस नहीं लौटी। वहीं, अन्य दो छात्राएं जुलाई 2025 से ही विद्यालय में नियमित नहीं थीं और वे अपने मंगनी किए गए युवकों के साथ रह रही थीं।

जांच में यह भी सामने आया कि संबंधित छात्राओं की मंगनी 3-4 वर्ष पूर्व पारंपरिक रीति-रिवाजों के तहत हो चुकी थी। हालांकि, जांच दल ने आवासीय विद्यालय में सुरक्षा एवं प्रबंधन से जुड़ी गंभीर कमियां भी उजागर की हैं। छात्रावास में पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था का अभाव, लंबे समय से बंद पड़े सीसीटीवी कैमरे तथा छात्राओं में नैतिक एवं स्वास्थ्य शिक्षा की कमी प्रमुख रूप से सामने आई है। सर्व आदिवासी समाज ने प्रशासन से मांग की है कि छात्रावासों में सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ़ की जाए, सीसीटीवी कैमरों को तत्काल चालू किया जाए। साथ ही छात्राओं के लिए जागरूकता कार्यक्रम संचालित किए जाएं। समाज ने यह भी स्पष्ट किया है कि भ्रामक खबरों से समाज में भ्रम की स्थिति उत्पन्न होती है, इसलिए तथ्यात्मक जानकारी ही प्रसारित की जानी चाहिए।