एआई शिखर सम्मेलन प्रदर्शन मामले में युवा कांग्रेस के नाै कार्यकर्ताओं काे मिली जमानत
नई दिल्ली, 02 मार्च । पटियाला हाउस कोर्ट ने भारत मंडपम में एआई शिखर सम्मेलन में 20 फरवरी को शर्टलेस प्रदर्शन के मामले में युवा कांग्रेस के नौ कार्यकर्ताओं को जमानत दे दी है। जुडिशियल मजिस्ट्रेट फर्स्ट क्लास रवि ने कहा कि प्रदर्शन के समय लगाए गए नारे भड़काऊ नहीं थे और उनमें कोई धार्मिक या क्षेत्रीय रंग नहीं था। प्रदर्शन के दौरान किसी भी तरह की तोड़फोड़ या लोगों को डराने का कोई सबूत नहीं मिला।
कोर्ट ने कहा कि ट्रायल के पहले किसी को बिना जरुर कारण जेल में रखा जाए, तो यह बिना सजा तय हुए ही सजा देने जैसा होगा। कोर्ट ने कृष्ण हरि, नरसिंह यादव, कुंदन कुमार यादव, अजय कुमार सिंह, जितेंद्र सिंह यादव, राजा गुर्जर, अजय कुमार विमल उर्फ बंटू, सौरभ सिंह और अरबाज को जमानत दी है।
सुनवाई के दौरान दिल्ली पुलिस ने जमानत याचिकाओं का विरोध करते हुए कहा कि युवा कांग्रेस के कार्यकर्ता 20 फरवरी को एआई शिखर सम्मेलन के स्थान पर प्रधानमंत्री मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की तस्वीरों वाली टी-शर्ट पहनकर या हाथ में लहराते हुए पहुंचे थे। पुलिस के मुताबिक एआई शिखर सम्मेलन के दौरान अंतरराष्ट्रीय मीडिया मौजूद थी और उसी दौरान नारेबाजी की गई। दिल्ली पुलिस ने कहा कि इन प्रदर्शकारियों को रोकने के दौरान पुलिसकर्मियों से धक्का-मुक्की की गई, जिसमें कुछ पुलिसकर्मी घायल हुए।
कोर्ट ने 26 फरवरी को इस प्रदर्शन के मामले में हिमाचल प्रदेश से गिरफ्तार तीन युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं सौरभ, अरबाज और सिद्धार्थ को तीन दिनों की पुलिस हिरासत में भेजने का आदेश दिया था। दिल्ली पुलिस इस मामले की जांच कर रही है कि इसकी साजिश कैसे रची गई। दिल्ली पुलिस प्रिंटेड स्टिकर और उसके स्रोत की जांच कर रही है।
इस मामले में युवा कांग्रेस ने अपने बयान में कहा है कि उसके कार्यकर्ता भारत मंडपम में प्रदर्शन कर प्रधानमंत्री मोदी पर देश की पहचान को एआई शिखर सम्मेलन में खराब करने का आरोप लगा रहे थे। इस मामले में युवा कांग्रेस के महासचिव निगम भंडारी को 24 मार्च तक की अंतरिम जमानत मिल चुकी है।









