बरनाला के मनप्रीत की कहानी: नशे में डूबे, सुसाइड से नशा विरोधी मुहिम के चेहरे बने!

पंजाब के बरनाला जिले के धनौला गांव के निवासी मनप्रीत सिंह ने अपने जीवन की कठिनाइयों को पार करते हुए दूसरों के लिए प्रेरणास्त्रोत बनने का संकल्प लिया है। मनप्रीत ने पिछले पंद्रह वर्षों तक मेडिकल और स्मैक जैसे नशों में डूबे रहने के बाद, पिछले दो वर्षों से नशा छोड़कर अपनी जिंदगी को सकारात्मक दिशा में मोड़ दिया है। अब वह जिला प्रशासन द्वारा चलाए जा रहे नशा विरोधी अभियानों का मुख्य चेहरा बनेंगे, जिससे वह अन्य युवाओं को नशे के जाल से बाहर आने के लिए प्रेरित करेंगे।

नशे ने मनप्रीत की जिंदगी में कई समस्याएँ पैदा कीं, जिससे न केवल उनका व्यक्तिगत जीवन प्रभावित हुआ, बल्कि परिवार की आर्थिक स्थिति पर भी बुरा असर पड़ा। युवा अवस्था में नशे की लत ने उन्हें न केवल मानसिक बल्कि शारीरिक रूप से भी नुकसान पहुँचाया। उन्होंने नशे की तलब को शांत करने के लिए कई बार खुद को नुकसान पहुँचाया और कभी-कभी आत्महत्या का प्रयास भी किया। लेकिन जब उन्होंने अमृतपान का सहारा लिया, तो उनका जीवन धीरे-धीरे बदलने लगा। अब उनकी दिनचर्या पूरी तरह से बदल चुकी है; नियमित व्यायाम और खेती-बाड़ी में परिवार के कामों में मदद करना उनकी नई आदत बन गई है।

मनप्रीत अपनी नशे की कहानी को साझा करके दूसरों को भी जागरूक करना चाहते हैं। उन्हें विश्वास है कि उनके अनुभव से वह युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति सजग कर सकते हैं। जिले के डिप्टी कमिश्नर टी बैनिथ ने मनप्रीत से मिलकर उनकी प्रेरणादायक कहानी की सराहना की है। उन्होंने कहा कि मनप्रीत प्रदेश सरकार की नशा विरोधी मुहिम में विशेष भूमिका निभाएंगे, जहां वह स्कूलों, कॉलेजों और अन्य संस्थानों में जाकर युवाओं को इस मुद्दे पर जागरूक करेंगे।

डिप्टी कमिश्नर ने यह भी कहा कि जिस व्यक्ति ने नशे की समस्याओं का सामना किया है, वह अन्य लोगों को इससे दूर रहने के लिए बेहतर तरीके से प्रेरित कर सकता है। उन्होंने उन सभी से अपील की है जो नशा छोड़ चुके हैं, कि वे अपनी कहानियाँ साझा करें, ताकि कई और लोग इससे प्रेरित होकर नशे की राह से वापसी कर सकें। इस मुहिम का उद्देश्य न केवल युवा पीढ़ी को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना है, बल्कि उनके जीवन को सही दिशा में मोड़ने में मदद करना भी है।

मनप्रीत का संघर्ष और सफलता की कहानी हम सभी के लिए एक मजबूत संदेश है कि हर मुश्किल घड़ी का सामना करना और उसका समाधान निकालना संभव है। उनका जज्बा यह दर्शाता है कि कोई भी व्यक्ति यदि ठान ले, तो वह अपने जीवन को बदल सकता है और दूसरों के लिए भी प्रेरणा बन सकता है।