सुजानगढ़ में धूमधाम से हुआ होलिका दहन, नगर परिषद के सभापति और पार्षद भी शामिल!
सुजानगढ़ में होली का त्योहार इस वर्ष धूमधाम के साथ मनाया गया। यहां होलीधोरा क्षेत्र में रात्रि 11:40 बजे हजारों लोगों की भीड़ के बीच भव्य होलिका दहन का आयोजन किया गया। इस अवसर पर नगर परिषद की सभापति नीलोफर गौरी के नेतृत्व में पार्षद और कर्मचारी एक शानदार जुलूस के रूप में होलीधोरा पहुंचे। पंडित सोमदत्त आसोपा ने उपसभापति अमित मारोठिया तथा अन्य पार्षदों के साथ मिलकर पूजन-अर्चना का कार्य संपन्न कराया। इस भव्य कार्यक्रम में परिषद के आरआई मुन्नालाल मीणा, एसआई ओमप्रकाश स्वामी और हितेश जाखड़ सहित कई अन्य पार्षद भी उपस्थित रहे।
होली के इस महान पर्व का आनंद केवल होलीधोरा तक सीमित नहीं रहा। नगर के अन्य क्षेत्रों जैसे कि लुहारगाड़ा चौक, भोजलाई रोड, पटरी पार और भोजलाई बास में भी होलिका दहन का समारोह बड़े धूमधाम से मनाया गया। हर जगह लोगों के चेहरे खुशी और उत्साह से भरे नजर आए। होलिका दहन के बाद, स्थानीय निवासियों ने आपस में मिलकर रंगों की मस्ती में खोकर होली के त्योहार का जश्न मनाया। यह दिन संपूर्ण शहर में सौहार्द और एकता का प्रतीक बना।
होलिका दहन के बाद, सुजानगढ़ में विभिन्न रंगारंग कार्यक्रमों का एक सिलसिला शुरू हुआ। सड़कों पर लोग एक दूसरे के साथ होली खेलते हुए, गुलाल और रंग के साथ अपनी मस्ती में खो गए। बच्चों से लेकर बड़ों तक, सभी ने इस रंगीन त्योहार का खुलकर आनंद लिया। संगीत और नृत्य की धुनों पर लोग थिरकते रहे, जिससे पूरा माहौल उल्लासमयी हो गया। इस विशेष दिन पर हर कोई अपने गिले-शिकवे दूर कर के एक नई शुरुआत करने के लिए तत्पर नजर आया।
इसके अलावा, नगर परिषद के अधिकारियों ने भी कार्यक्रम के सफल आयोजन के लिए अपने सभी सहयोगियों का धन्यवाद किया। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि ऐसे त्योहारों के आयोजन से समाज में एकता और भाईचारा बढ़ता है। इस प्रकार, सुजानगढ़ ने होली के पर्व को न केवल धार्मिक आस्था के रूप में, बल्कि सामाजिक मेल-जोल का एक महत्वपूर्ण माध्यम भी बना दिया।
इसी तरह, सुजानगढ़ में मनाए गए इस होली के उत्सव ने सभी को एकजुट करने का कार्य किया। उत्सव के बाद के रंगारंग कार्यक्रमों ने इस पर्व को और भी मजेदार बना दिया। इस प्रकार, सुजानगढ़ ने होली के पर्व को सामुदायिक उत्साह, प्रेम और एकता के साथ मनाते हुए अपने अनोखे और रंगीन अंदाज में सभी का दिल जीत लिया।









