दीपोत्सव का विश्व कीर्तिमान बनाने के लिए कुलपति ने मार्किंग स्थलों का किया निरीक्षण
दीपोत्सव का विश्व कीर्तिमान बनाने के लिए कुलपति ने मार्किंग स्थलों का किया निरीक्षण
-रामनगरी का दीपोत्सव अद्भुत और अलौकिक होगाः कुलपति प्रो0 प्रतिभा गोयल
– प्रभु श्रीराम के विराजमान होने बाद पहले दीपोत्सव में पूरी दुनियां की नजरे रहेंगी
अयोध्या, 20 अक्टूबर (हि.स.)। डाॅ0 राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो0 प्रतिभा गोयल ने रामनगरी के दीपोत्सव को भव्य बनाने के लिए विश्वविद्यालय के दीपोत्सव नोडल अधिकारी प्रो0 संत शरण मिश्र के संग रविवार को राम की पैड़ी के घाटों सहित अन्य स्थलों का निरीक्षण किया। उन्होंने 28 लाख दीए बिछाने के लिए किए गए मार्किंग स्थलों का मुआयना किया। इसके साथ ही उन्होंने दीपोत्सव सामग्री स्टोर का भी जायजा लिया। कुलपति प्रो0 गोयल ने बताया कि प्रभु श्रीराम के विराजमान होने के बाद का पहला दीपोत्सव होगा। आठवां दीपोत्सव होने के साथ सातवीं बार विश्व रिकार्ड बनाने जा रहे है। प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्याथ के मंशानुरूप रामनगरी का दीपोत्सव अद्भुत और अलौकिक होगा। पूरी दुनियां की नजर अयोध्या पर रहेगी। विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा युद्ध स्तर पर तैयारियांे को अंतिम रूप दिया जा रहा है।
कुलपति प्रो0 गोयल ने बताया कि दीपोत्सव को ऐतिहासिक बनाने के लिए सरयू के 55 घाटों पर 28 लाख दीयों को सजाने के लिए 30 हजार वालंटियर्स लगाये जा रहे है। सभी के सहयोग से छोटी दीपावली पर 25 लाख दीयों को प्रज्ज्वलित करके विश्व रिकार्ड बनायेंगे। उन्होंने बताया कि इस बार के दीपोत्सव में विवि परिसर सहित 14 महाविद्यालय, 37 इण्टर कालेज, 40 एनजीओ के वालंटियर्स लगाये गये है। इन्हें इनके माध्यम से प्रशिक्षित किया जा रहा है। इन्हीं के सहयोग से पिछला रिकार्ड तोड़ते हुए विश्व कीर्तिमान बनायेंगे। कुलपति ने बताया कि 25 अक्टूबर से घाटों पर दीपों की खेप पहुॅचनी शुरू हो जायेगी। 26 से वालंटियर्स द्वारा दीए लगाने का कार्य शुरू हो जायेगा। 29 अक्टूबर से घाटो पर लगे दीए की गणना होगी। वही 30 अक्टूबर को घाटों पर लगे दीयों में बाती, तेल डालना व प्रज्ज्वलन करके विश्व रिकार्ड बनायेंगे।
हिन्दुस्थान समाचार/पवन पाण्डेय









