सोनीपत: गन्नौर में पीजीआई एवं एम्स का सैटेलाइट सेंटर खोलने की मांग
सेंटर) खोलने की मांग उठाई। उन्होंने सदन में कहा कि हाईवे पर आए दिन हादसे होते है।
गंभीर घायल को खानपुर, दिल्ली या चंडीगढ़ रेफर करना पड़ता है। समय पर उपचार नहीं मिलने
से कई बार मरीज की जान चली जाती है। ऐसे में हाईवे के नजदीक सैटेलाइट सेंटर होना जरूरी
है।
कादियान
ने कहा कि पंजाब के संगरूर और फिरोजपुर तथा हिमाचल प्रदेश के ऊना में ऐसे सेंटर संचालित
है। गन्नौर भी हाईवे-44 पर है। यहां सेंटर बनने से केवल गन्नौर ही नहीं, बल्कि हाईवे
से सटी आसपास की कई विधानसभा क्षेत्रों की आबादी को भी आपात स्थिति में उपचार मिल सकेगा।
स्वास्थ्य
मंत्री आरती राव ने जवाब देते हुए कहा कि सोनीपत में पहले ही मेडिकल कॉलेज है। इसके
अलावा एम्स झज्जर और एक रेवाड़ी में भी बनने जा रहा है। ऐसे में गन्नौर में अलग से सैटेलाइट
सेंटर खोलना संभव नहीं है।
मंत्री
के जवाब पर कादियान ने कहा कि यदि जमीन की जरूरत है तो वे हाईवे पर बड़ी में जमीन मुहैया
कराने को तैयार है। उन्होंने कहा कि पहले क्षेत्र में ट्रॉमा सेंटर की मांग उठाई गई
थी, लेकिन अब सैटेलाइट सेंटर की जरूरत और भी जरूरी है। हाईवे पर गंभीर हादसे के बाद
शुरुआती उपचार के लिए मरीज को दूर ले जाना पड़ता है। उन्होंने सेंटर की मांग दोहराते
हुए कहा कि इससे समय पर इलाज मिलने से कई लोगों की जान बचाई जा सकती है। मंत्री आरती
राव ने मामले को देखने का आश्वासन दिया।









