अलीगढ़ में जूस में थूक-पेशाब का आरोप, दुकानदार फरार, दुकान पर तोड़फोड़!

अलीगढ़ के क्वार्सी थाना क्षेत्र में स्वर्ण जयंती नगर स्थित एक जूस की दुकान पर हाल ही में एक गंभीर विवाद उत्पन्न हुआ। स्थानीय निवासियों ने जूस विक्रेता पर थूक और पेशाब मिलाकर जूस परोसने का आरोप लगाया, जिसके चलते मौके पर काफी भीड़ इकट्ठा हो गई। इस हंगामे के बीच जूस विक्रेता अपनी दुकान छोड़कर फरार हो गया। गुस्साई भीड़ ने जवाबी कार्रवाई करते हुए जूस की दुकान में तोड़फोड़ की और सड़क को जाम कर दिया। जब स्थिति नियंत्रित करने के लिए क्षेत्रीय पुलिस को सूचित किया गया, तो उन्होंने तुरंत घटनास्थल पर पहुंचकर स्थानीय लोगों को समझाने का प्रयास किया और उन्हें यह आश्वासन दिया कि पूरी घटना की जांच की जाएगी।

स्वर्ण जयंती नगर के राज्य कर्मचारी कालोनी गेट के सामने स्थित जूस की दुकान का नाम “फ्रेश जूस एंड शेक कॉर्नर” है। स्थानीय लोगों का दावा है कि शाम के समय कुछ ग्राहक जब दुकान पर पहुंचे, तब उन्होंने देखा कि विक्रेता लगातार जूस के गिलास को नीचे कर रहा था और कुछ संदिग्ध सामान उसमें मिला रहा था। जब ग्राहकों ने इस पर ध्यान दिया, तो उन्हें पता चला कि विक्रेता जूस में थूक रहा है और पेशाब भी डाल रहा है। इसके बाद जब लोगों ने इस हरकत का विरोध किया, तो विक्रेता ने उल्टा गुस्सा किया, जिससे मामले ने और तूल पकड़ लिया और बहुत जल्द ही स्थानीय लोग एकत्रित हो गए।

दुकान का मालिक एक मुस्लिम युवक है, जो स्वयं को गुड्‌डू के नाम से पहचानता था। स्थानीय लोगों ने यह भी बताया कि वह अपनी पहचान को छुपाने के लिए कलावा पहनता था ताकि उसे हिंदू मानकर कोई संदेह न करे। जब स्थानीय लोगों ने इस युवक की संदिग्ध हरकतों का देखना शुरू किया, तो उनके संदेह की पुष्टि हुई। आरोपी युवक भाग खड़ा हुआ, लेकिन घटना के बाद स्थानीय लोगों ने सड़क पर जाम लगा दिया और दुकान में तोड़फोड़ कर दी, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।

जब तक क्वार्सी पुलिस को घटना की खबर मिली, तब तक स्थिति काफी गंभीर हो चुकी थी। पुलिस ने तुरंत घटनास्थल पर पहुंचकर लोगों को समझाया और शांत कराने की कोशिश की। पुलिस अधिकारी सीओ अभय पांडेय ने बताया कि जूस दुकान में गड़बड़ी की शिकायत मिली है और उन्होंने लोगों को आश्वासन दिया कि तहरीर प्राप्त कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। इस स्थिति में लोगों की नाराजगी को देखते हुए पुलिस ने सभी पहलुओं की गहराई से जांच करने का आश्वासन दिया है, ताकि इस तरह की घटनाओं को भविष्य में रोका जा सके।

इस घटना ने स्थानीय समुदाय में चिंता का विषय बन गया है और अब लोग इसे अपनी सुरक्षा और स्वास्थ्य के प्रति एक गंभीर खतरे के रूप में देख रहे हैं। अब देखना यह है कि प्रशासन ऐेसी घटनाओं को रोकने के लिए क्या कदम उठाता है और लोगों के बीच विश्वास को कैसे बहाल करता है।