युवक ने लगाई फांसी, पिता के व्यवहार से था आहत

भवानीपुर गांव निवासी 22 वर्षीय आशीष उर्फ गोपाल ने रविवार रात घर के बड़ेर के सहारे रस्सी का फंदा लगाकर आत्महत्या कर ली। परिजनों के मुताबिक, आशीष के पिता कैलाश लगभग दस वर्षों से घर-परिवार छोड़कर क्षेत्र के ही हिजड़ों के साथ रहते हैं और नाच-गाना कर जीविका चलाते हैं। पिता के इस व्यवहार से आशीष मानसिक रूप से काफी आहत था।

रविवार की रात भोजन के बाद सभी परिजन सो गए थे। सुबह जब आशीष देर तक कमरे से बाहर नहीं निकला, तो मां श्यामदेई उसे जगाने पहुंची। अंदर का दृश्य देख वह चीख पड़ीं। पुत्र का शव रस्सी से लटक रहा था। उनके चिल्लाने की आवाज सुनकर घर के लोग और आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे।

राजगढ़ थानाध्यक्ष दया शंकर ओझा ने बताया कि युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या की है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है। मृतक अपने माता-पिता का इकलौता पुत्र था और अविवाहित था। उसके परिवार में मां और दो बहनें कंचन व खुशबू हैं, जो मेहनत-मजदूरी कर जीवन यापन करती हैं।