हमीरपुर में बाढ़ की जद में फिर आए दर्जनों गांव

मौदहा बांध के सहायक अभियंता सर्वजीत वर्मा ने मंगलवार को शाम बताया कि मंगलवार की सुबह कोटा बैराज से 4971 क्यूसेक, माताटीला बांध से 21072 क्यूसेक व लहचूरा बांध से 13100 क्यूसेक पानी पास किया गया है। जिससे जिले की नदियों का लगातार जलस्तर बढ़ना शुरू हो गया है। वर्तमान में यमुना नदी के जल स्तर में औसतन दो सेमी प्रति घंटे की वृद्धि हो रही है। आगामी 24 से 36 घंटे में यमुना व बेतवा नदियों का जल स्तर बढ़कर चेतावनी बिंदु के पार पहुंचने की संभावना है। मंगलवार को देर शाम 7 बजे यमुना नदी का जलस्तर 103.220 मीटर पर है। जबकि बेतवा का जलस्तर 102.520 मीटर रिकार्ड किया गया है। यमुना अभी खतरे के निशान से 0.330 मीटर और बेतवा खतरे के निशान से 2.060 मीटर नीचे बह रही है। यमुना का खतरे का निशान 103.630 मीटर व बेतवा का 10.540 मीटर है। उन्होंने लोगों से दोनों नदियों के तटीय इलाकों से दूर रहने की अपील की है। वहीं यमुना नदी का पानी निचले इलाकों में भरने लगा है। शहर के पुराना यमुना घाट मोहल्ला, गौरादेवी नई बस्ती, बेतवा घाट, केसरिया का डेरा, मेरापुर आदि स्थानों में पानी पहुंचने लगा है।

गांव के निचले हिस्सों में भरा बाढ़ का पानीकुरारा विकासखंड क्षेत्र के सिकरोड़ी गांव में यमुना नदी का जलस्तर बढ़ने से गांव के बस्ती के बाहरतक पानी आने लगा है। ग्रामीणों ने बताया कि सुबह से यमुना नदी का पानी बस्ती की तरफ आने लगा है। ग्रामीणों को फिर बाढ़ का खतरा का आभास होने लगा है। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि हनुमान ने बताया कि यमुना नदी के बाढ़ का पानी जलस्तर बढ़ने पानी धीरे धीरे बढ़ रहा है।