जींद : आधार कार्ड के साथ यूरिया के लिए कतारों में लगे किसान
किसान रामकिशन, मंगल, तेलू, गुगन ने कहा कि समय पर अगर यूरिया खाद फसल में नहीं डाला गया, तो पैदावार कम होने का डर रहता है। यूरिया खाद आने की जानकारी मिलने के बाद वो सुबह मंडी पहुंच गए थे। खाद लेने के लिए लंबी लाइन में लगना पड़ा। सरकार को चाहिए कि हर वर्ष की तरह डीएपी को लेकर पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध करवाया जाए ताकि किसानों को परेशानी न हो।
सेल्जमैन सतीश ने बताया कि दो हजार यूरिया के बैग आए थे। आधार कार्ड पर एक किसान को दस-दस बैग दिए गए हैं। जैसे ही यूरिया खाद मिला तो उसे किसानों में वितरित करना शुरू कर दिया। किसानों को किसी तरह की कोई परेशानी नही आने दी गई है। आगे भी जैसे ही यूरिया खाद उपलब्ध होगा तो वो किसानों को उपलब्ध करवा दिया जाएगा।









