शहीदी कैंप में खूनदान का अद्वितीय जज़्बा: 70 लोगों ने किया रक्तदान!

**संगरूर में रक्तदान कैंप का आयोजन: माताजी गुजरी और साहिबजादे को किया गया याद**

संगरूर जिले के किशनपुरा टी-प्वाइंट पर स्थित जीवन आशा वेलफेयर क्लब और सहारा फाउंडेशन की ओर से एक रक्तदान कैंप का आयोजन किया गया। यह कैंप माता गुजरी और चार साहिबजादों की शहादत को श्रद्धांजलि देने के उद्देश्य से आयोजित किया गया था। इस महत्वपूर्ण समारोह का उद्घाटन मुख्यधारा के सीएम फील्ड अफसर आईएएस डॉ. आदित्य शर्मा और सिविल सर्जन डॉ. किरपाल सिंह ने संयुक्त रूप से किया। इस अवसर पर 70 लोगों ने बढ़-चढ़कर रक्तदान किया, जिससे इस नेक कार्य का महत्व और भी बढ़ गया।

डॉ. आदित्य शर्मा और डॉ. किरपाल सिंह ने इस आयोजन की सराहना की और कहा कि यह संस्था समाज के लिए बहुत महत्वपूर्ण कार्य कर रही है। उन्होंने रक्तदान करने वाले सभी लोगों की प्रेरणा और साहस की प्रशंसा की। अन्य प्रतिनिधियों जैसे कि पंजाब इनफोटेक के चेयरमैन डॉ. गुनिंदरजीत सिंह जवंधा, पार्षद सतिंदर सैणी, विजय लंकेश और अवतार सिंह तारा ने भी रक्तदान करने वालों को प्रोत्साहित किया और उन्हें इस कार्य के लिए सराहा।

इस कैंप में रक्तदान करने वाले वालंटियर्स और अतिथियों को सम्मानित करने का अवसर भी दिया गया। आयोजकों ने इस अवसर पर ब्लड बैंक इंचार्ज पल्लवी, सुखविंदर सिंह और लाइफ गार्ड इंस्टीट्यूट के रमन का विशेष रूप से धन्यवाद किया, जिनका इस कैंप में योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण रहा। उनका सहयोग रक्तदान की प्रक्रिया को सुचारू रूप से चलाने में मददगार साबित हुआ।

रक्तदान कैंप में विभिन्न क्षेत्रों से कई प्रतिष्ठित लोग उपस्थित थे, जिनमें विपन चावला, डॉ. नंद किशोर ग्रोवर, पंकज बावा, बिक्रमजीत सिंह, पंकज शर्मा, जगदीश कुमार, पुशपिंदर पाल सिंह, सोनू, डॉ. दिनेश ग्रोवर, डॉ. अशोक कुमार शर्मा, वरिंदरजीत बजाज, सुरिंदर पाल सिंह सिदकी, हैप्पी, डॉ. शमिंदर सिंह, हरीश कुमार अरोड़ा, रूही जोशी कौशल, जसपाल सिंह, राजबीर सैणी, अमृतपाल, अमृत, सुभाष कुमार और प्रदीप सिंह शामिल थे।

इस तरह के रक्तदान कैंप न केवल रक्त की कमी को पूरा करने में मदद करते हैं, बल्कि समाज में एकता और सहयोग की भावना को भी बढ़ावा देते हैं। यह आयोजन समुदाय के लोगों में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता फैलाने का भी एक महत्वपूर्ण माध्यम है। आशा की जाती है कि भविष्य में भी ऐसे ही आयोजन होते रहेंगे, ताकि अधिक से अधिक लोग रक्तदान कर सकें और समाज की सेवा कर सकें।