डीटीसी के बेड़े में 200 नई ईवी बसें होंगी शामिल
नई दिल्ली, 10 मार्च । दिल्ली के परिवहन मंत्री डॉ. पंकज कुमार सिंह ने मंगलवार को परिवहन विभाग और दिल्ली ट्रांसपोर्ट कॉर्पोरेशन (डीटीसी) के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। इसमें राजधानी में इलेक्ट्रिक बसों के बेड़े के विस्तार, ईवी चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर और प्रमुख ट्रांसपोर्ट इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स की प्रगति की समीक्षा की गई।
समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों ने मंत्री को बताया कि दिल्ली में अभी कुल 4000 से अधिक ईवी बसों का संचालन हो रहा है और इसी महीने मार्च में और 200 नई इलेक्ट्रिक बसों को बेड़े में शामिल किया जाएगा, जिससे दिल्ली का ईवी बस प्लीट और शहर का क्लीन मोबिलिटी नेटवर्क और ज्यादा मजबूत होगा। इस साल के आखिर तक राजधानी दिल्ली का इलेक्ट्रिक बस बेड़ा 7,500 बसों तक पहुंचने का लक्ष्य है, जो दिल्ली के सस्टेनेबल पब्लिक ट्रांसपोर्टेशन की दिशा में एक मील का पत्थर साबित होगा।
परिवहन मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली के ईवी फ्लीट को मजबूत करना हमारी सबसे बड़ी प्राथमिकता है ताकि पर्यावरण के अनुकूल और यात्रियों के लिए बेहद सुविधाजनक परिवहन व्यवस्था सुनिश्चित की जा सके।
इलेक्ट्रिक मोबिलिटी के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर की तैयारी की समीक्षा करते हुए परिवहन मंत्री को बताया गया कि दिल्ली के 44 बस डिपो में इलेक्ट्रिक चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर स्थापित किया गया है। इसके अलावा पीएम ई-ड्राइव फेज-I और फेज-II पहल के तहत अभी 36 डिपो में ईवी चार्जिंग नेटवर्क डेवलप किए जा रहे हैं, जो आने वाले महीनों में दिल्ली के इलेक्ट्रिक बस फ्लीट को बढ़ाने में और गति प्रदान करेंगे।
बैठक में प्रमुख परिवहन इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं की प्रगति की भी समीक्षा की गई। अधिकारियों ने मंत्री को बताया कि दिल्ली सरकार भलस्वा में लगभग 20 एकड़ भूमि पर नया डीटीसी अंतरराज्यीय बस टर्मिनल बनाने की योजना बना रही है, जो उस भूमि पर प्रस्तावित है जिसे लैंडफिल साइट से रिक्लेम किया जा रहा है। प्रस्तावित टर्मिनल से शहर के उत्तरी हिस्से में अंतरराज्यीय बस कनेक्टिविटी और यात्रियों को मिलने वाली सुविधाओं में उल्लेखनीय सुधार होने की उम्मीद है।
मंत्री ने विभाग को यह भी निर्देश दिया कि वह अर्बन एक्सटेंशन रोड-II (यूईआर-II) कॉरिडोर पर एक नया डीटीसी डिपो बनाने के लिए फ़ीज़िबिलिटी असेसमेंट करे, ताकि इस क्षेत्र में तेजी से हो रहे शहरी विस्तार और बढ़ती परिवहन मांग को ध्यान में रखते हुए बेहतर ट्रांसपोर्ट सुविधाएं उपलब्ध कराई जा सकें। इसके अलावा माननीय मंत्री महोदय ने अधिकारियों को बुराड़ी में मौजूदा बस डिपो को अपग्रेड करने का निर्देश दिए, ताकि ऑपरेशनल एफिशिएंसी बढ़ाई जा सके और बढ़ते इलेक्ट्रिक बस फ्लीट को बेहतर समर्थन मिल सकेगा।
अधिकारियों ने परिवहन मंत्री को यह भी बताया कि हाल ही में नंद नगरी और तेहखंड में बनाने वाले ऑटोमेटेड टेस्टिंग स्टेशन (एटीएस) अप्रैल में आम लोगों के लिए चालू होने की उम्मीद है, जिससे गाड़ी की फिटनेस टेस्टिंग का इकोसिस्टम मजबूत होगा और सड़क सुरक्षा स्टैंडर्ड्स के अनुपालन को सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।
परिवहन मंत्री ने कहा कि हमारी सरकार दिल्ली के पब्लिक ट्रांसपोर्ट सिस्टम को मॉडर्न बनाने के लिए प्रतिबद्ध है, जिसमें इलेक्ट्रिक मोबिलिटी, बेहतर इंफ्रास्ट्रक्चर और यात्रियों के लिए बेहतर सुविधाओं पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। ईवी बस फ्लीट का विस्तार, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर का विकास और नए ट्रांसपोर्ट टर्मिनल राजधानी दिल्ली के लिए एक स्वच्छ और ज़्यादा कुशल ट्रांसपोर्ट नेटवर्क बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।









