महाकुम्भ भगदड़ के मृतकों के परिवार को मुआवजा देने पर एक माह में निर्णय लेने का निर्देश
यह आदेश न्यायमूर्ति अजित कुमार और न्यायमूर्ति स्वरूपमा चतुर्वेदी की खंडपीठ ने दिया है। बलिया के नसीराबाद गांव निवासी दिनेश पटेल परिवार के साथ कुम्भ मेले में स्नान के लिए आए थे। भगदड़ में याची की पत्नी रीना देवी (35) और बेटी रोशन पटेल (12) की मृत्यु हो गई थी। प्रदेश सरकार ने भगदड़ में मारे गए प्रत्येक मृतक के परिवार को 25 लाख रुपये का मुआवजा देने का निर्णय लिया था लेकिन मृतक के पति को विभिन्न कार्यालयों के चक्कर लगाने के बावजूद मुआवजा नहीं मिला।
मुआवजे के भुगतान में देरी होने पर पीड़ित ने यह याचिका दाखिल की। याची की ओर से अधिवक्ता राजवेंद्र सिंह, सईद और चार्ली प्रकाश ने बहस की। खंडपीठ ने कुम्भ मेला अधिकारी को आदेश दिया है कि वे मृतक के पति के लंबित प्रत्यावेदन को एक माह के अंदर विधि अनुसार निस्तारित करें।









