आक्रोशित गोचर बचाओ आंदोलनकारियों ने कलेक्ट्रेट पर किया हल्ला बोल प्रदर्शन : बीकानेर में हंगामा

प्रदर्शन में उमड़े संत-श्रद्धालुओं, गोप्रेमियों ने कहा, गोचर को खत्म करने का निर्णय किसी के हित में नहीं है। इस निर्णय को तुरंत वापस लें। गोचर भूमि पर सिर्फ गाय का ही अधिकार है। दूसरी ओर गोचर में हो रहे अतिक्रमण को भी प्रदर्शनकारियों ने महापाप बताया।

दरअसल गोचर-ओरण संरक्षक संघ ने बीकानेर में गोचर बचाने के लिए धरना-प्रदर्शन का आह्वान किया था। इसी आह्वान पर बीकानेर शहर-गांव से बड़ी तादाद में लोग कलेक्ट्रेट पर एकत्रित हो गये।

आंदोलन में पूर्व मंत्री डा.बी.डी.कल्ला, कांग्रेस अध्यक्ष यशपाल गहलोत, पूर्व मेयर हाजी मकसूद अहमद सहित कई कांग्रेस नेता, कार्यकर्ता आए। कल्ला ने कहा, कांग्रेस सरकार के वक्त कभी गोचर पर संकट नहीं आने दिया। आज जो हालात दिख रहे हैं उससे लगता है कि वर्तमान प्रतिनिधि इस ओर ज्यादा ध्यान नहीं दे रहे हैं या प्रशासन उन्हें पूछ नहीं रहा।

दूसरी ओर पूर्व मंत्री ओर गोचर के लिए लंबा आंदोलन चलाने वाले कद्दावर नेता देवीसिंह भाटी इस प्रदर्शन में शामिल नहीं हुए। बताया गया कि स्वास्थ्य कारणों से भाटी प्रदर्शन में नहीं पहुंचे। अलबत्ता उनका संदेश धरनास्थल पर सुनाया गया।

संदेश में भाटी ने कहा, यहां गाय पर संकट आ रहा है इसलिए एकत्रित होना पड़ा। कांग्रेस की पिछली सरकार ने जाते-जाते गोचर में हुए कब्जों को नियमित कर पट्टे काटने की बात कही। जनता, संतों का विरोध होने के बाद निर्णय वापस लेना पड़ा। भाजपा इस सरकार में भी अधिकारियों ने षड़यंत्रकारियों से मिलकर सरकार को गुमराह कर दिया है। ये हमारी गाय पर संकट है। हमें सचेत होना पड़ेगा। संघर्ष करना पड़ेगा।