नहरों के ऊपर बने पुलों में भारी वाहन चलाने के मामले में सुनवाई 6 जनवरी को
नहरों के ऊपर बने पुलों में भारी वाहन चलाने के मामले में सुनवाई 6 जनवरी को
नैनीताल, 30 दिसंबर (हि.स.)। हाईकोर्ट ने देहरादून के आशन बैराज से निकलने वाली नहरों के ऊपर बने पुलों में भारी वाहन चलाने के खिलाफ दायर जनहित याचिका पर सुनवाई के बाद मामले की अगली सुनवाई के लिए 6 जनवरी की तिथि नियत की है। कोर्ट के पूर्व के आदेश के क्रम में राज्य सरकार ने स्थिति से अवगत कराते हुए कहा कि राज्य सरकार ट्रैफिक व भारी वाहनों को रोकने की व्यवस्था कर रही है। साथ ही वहां पुलिस बैरिकेटिंग करने जा रही है। कोर्ट के आदेश पर राज्य सरकार ने पुलों का निरीक्षण किया, जांच करने पर उनकी स्थिति वास्तव में ठीक नही पाई गई।
मुख्य न्यायाधीश जी नरेंद्र व वरिष्ठ न्यायमूर्ति मनोज कुमार तिवारी की खंडपीठ के समक्ष मामले की सुनवाई हुई। मामले के अनुसार देहरादून निवासी रघुनाथ सिंह नेगी ने हाईकोर्ट में जनहित याचिका दायर कर कहा था कि देहरादून के आशन बैराज से निकलने वाली नहरों के ऊपर 1965 में उत्तर प्रदेश सरकार ने आवाजाही के लिए कई पुलों का निर्माण किया गया था। जिनकी भार क्षमता भी नियमित की गई थी। लेकिन राज्य सरकार ने खनन की अनुमति देने बाद इन पुलों में भारी वाहन चलने लगे। पुलों की भार वहन करने की क्षमता कम होने के कारण इस पर कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है। इसलिए पुलों के ऊपर भारी वाहन व ट्रैफिक पर रोक लगाई जाए और इनकी मरम्मत की जाए। जांच एजेंसियों ने इनका सर्वे किया उसमें भी भारी वाहन चलाने की अनुमति नही दी गई। वैसे भी इनकी भार वहन करने की समय सीमा समाप्त हो चुकी है।









