फाजिल्का में रामलीला के दौरान युवकों की हाथापाई में ईंटें भी चलीं, हड़कंप मचा!

फाजिल्का की घास मंडी में आयोजित रामलीला कार्यक्रम में एक अनचाही घटना हो गई, जब कुछ नौजवान आपस में विवाद में घिर गए। यह घटना इतनी बढ़ गई कि युवकों के बीच हाथापाई हुई और मामला ईंटों से वार करने तक पहुंच गया। इस पूरी झड़प का दृश्य सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गया है, जो अब सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन चुका है। इस दौरान मंडी में उपस्थित लोग और मुख्य मेहमान रामलीला का आनंद ले रहे थे, तभी यह विवाद हुआ।

मंडी में हर रोज रामलीला का कार्यक्रम आयोजित होता है, जिसमें स्थानीय लोग बड़ी संख्या में भाग लेते हैं। लेकिन इस बार का आयोजन अशांत हो गया। झगड़े की शुरुआत किसी बात को लेकर हुई, जिसके बाद बात हाथापाई तक पहुंच गई। सीसीटीवी फुटेज में साफ देखा जा सकता है कि कैसे दो समूहों में भिड़ंत हुई। जब पुलिस को इस मामले की जानकारी मिली, तो उन्होंने तुरंत कार्रवाई की और घटनाक्रम की जानकारी ली।

फाजिल्का सिटी थाना के एसएचओ हरदेव सिंह ने इस मामले पर बयान देते हुए कहा कि वीडियो एक दिन पुरानी है और इसमें शामिल दोनों युवक नाबालिग थे। उन्होंने यह भी बताया कि यह विवाद एक छोटी सी बात को लेकर हुआ, लेकिन इसने गंभीर रूप ले लिया। वर्तमान में पुलिस दोनों पक्षों को बुलाकर समझौता करने की प्रक्रिया शुरू कर रही है। इस घटना में किसी प्रकार के जानी या माली नुकसान की खबर नहीं है, जो कि स्थिति को काफी राहत देती है।

इस प्रकार की घटनाएं निश्चित रूप से हमें यह सोचने पर मजबूर करती हैं कि आज के युवाओं में संवाद के बजाए हिंसा को प्राथमिकता देने की प्रवृत्ति क्यों बढ़ रही है। आयोजनों में इस प्रकार का विघटन न केवल आयोजकों के लिए समस्या पैदा करता है, बल्कि समाज में भी एक नकारात्मक संदेश भेजता है। इसलिए जरूरी है कि युवा वर्ग के बीच संवाद और समझ को बढ़ावा दिया जाए ताकि ऐसे विवादों से बचा जा सके।

आसपास के लोगों का मानना है कि रामलीला जैसे धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों में इस तरह की झड़पें नहीं होनी चाहिए। यह आयोजन तो आनंद और सांस्कृतिक एकता का प्रतीक है। इसलिए समाज के हर वर्ग को मिलकर इस दिशा में प्रयास करने की आवश्यकता है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से बचा जा सके। अब देखना होगा कि पुलिस प्रशासन इस मामले को कैसे सुलझाता है और क्या दोनों पक्षों में कोई स्थायी समाधान निकलता है।